DM दफ्तर पहुंचा फर्जी DM.. फिल्मी अंदाज में हुआ गिरफ्तार

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आज एक अजीबोगरीब मामला सामने आया. जब एक फर्जी IAS ऑफिसर ( Fake IAS Officer) की मुलाकात असली IAS से हो गया. फिर जो हुआ वो एक दम फिल्मी अंदाज में हुआ।

क्या है पूरा मामला?
दरअसल, हुआ यूं कि रीतेश कुमार नाम का एक शख्स सूट बूट पहनकर DM ऑफिस पहुंच गया. खुद को यूपी कैडर का IAS ऑफिसर बताया और कहा कि उसकी पोस्टिंग मेरठ में है और वो डीएम साहब मिलना चाहता है.

फिर क्या हुआ ?
रीतेश ने ये बात डीएम दफ्तर में तैनात आदेशपाल को बताया. जिसके बाद आदेशपाल ने सीधे उसे DM साहब के दफ्तर में भेज दिया.

कहां का है मामला
मामला छपरा DM ऑफिस का है. जिस वक्त ये वाक्या हुआ. उस समय छपरा के DM वैभव श्रीवास्तव अपने दफ्तर में ही बैठे थे. नकली IAS रीतेश कुमार उनके दफ्तर में जा पहुंचा और खुद को यूपी कैडर का IAS बताया.

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डीएम साहब भी गड़बड़ा गए
पहले तो डीएम साहब ने भी नकली IAS रीतेश का वेलकम किया. उससे बातें की. लेकिन फिर उन्हें शक हुआ तो उन्होंने उससे ID कार्ड मांगा. इसके बाद DM वैभव श्रीवास्तव को शक हुआ तो कड़ाई से पूछताछ की

पुलिस के हवाले किया
कड़ाई से पूछताछ के दौरान फर्जी IAS रीतेश कुमार घबरा गया और फिर सच कबूल कर लिया. जिसके बाद डीएम वैभव श्रीवास्तव ने अपने सुरक्षाकर्मियों को बुलाकर उसे पुलिस के हवाले कर दिया.

कैसे खुली पोल
दरअसल, गिरफ्तार फर्जी अधिकारी ने अपनी पोस्टिंग उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में बताई थी. लेकिन शायद उसे ये नहीं मालूम था कि DM वैभव श्रीवास्तव भी यूपी के रहने वाले हैं। इसलिए उन्होंने यूपी से जुड़े सवाल पूछे तो उसमें वो फंस गया।

कौन है फर्जी IAS रीतेश
गिरफ्तार फर्जी अधिकारी छपरा के सदर प्रखंड के मुफस्सिल थाना के बसाढी गांव का रहने वाला है। उसके पिता का नाम कृष्णा पंडित है। जबकि भाई का नाम मुन्ना पंडित है ।

पहले SSP को दे चुका है चकमा
DM वैभव श्रीवास्तव से मिलने से पहले वो छपरा के एसएसपी से भी मुलाकात कर चुका है। SSP उसके फर्जीवाड़ा को नहीं पकड़ पाए. लेकिन असली डीएम के सामने फर्जी डीएम की पोल खुल गई.

गांव में चलाता था हनक
यूपी कैडर का IAS बताकर वो अपने गांव में भी हनक चलाता था. उसके जाल में स्थानीय अफसर भी आ गए थे। गांव वालों के मुताबिक, अफसर भी अक्सर उससे मिलने आते थे।

हनक दिखाकर काम निकलवाता था
गांववालों का कहना है कि वो पैसे लेकर दफ्तरों में जाता था और IAS अफसर बताकर काम करवाता था। इसके बदले में वो लोगों से पैसे भी वसूलता था

भाई ने मानसिक रोगी बताया
गिरफ्तार फर्जी IAS रीतेश कुमार के बड़े भाई मुन्ना पंडित का कहना है कि वो विक्षिप्त है. उसने बताया कि रीतेश ने ₹100 मांगे और उसका गुलदस्ता खरीद लिया और डीएम से मिलने चला गया.

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