Home खास खबरें बिहारशरीफ में ATM क्लोन कर पैसे उड़ाने वाले गिरोह का पर्दाफाश, जमकर हुई पिटाई

बिहारशरीफ में ATM क्लोन कर पैसे उड़ाने वाले गिरोह का पर्दाफाश, जमकर हुई पिटाई

0

नालंदा जिले में एटीएम कार्ड का क्लोन तैयार कर लोगों की गाढ़ी कमाई पर हाथ साफ करने वाले गिरोह का खुलासा हुआ है। बिहारशरीफ के खंदकपर के एटीएम सेंटर पर बदमाश एक युवक को झांसा देकर, उससे कार्ड ले लिया और स्कैनर मशीन में स्कैन कर रहा था। उसी दौरान भीड़ ने बदमाश को धर दबोचा और जमकर पिटाई कर दी.

क्या है पूरा मामला
मुरौरा गांव के रहने वाले राहुल कुमार अपने पिता का एटीएम कार्ड लेकर पांच हजार रुपया निकालने आया था। राहुल एटीएम मशीन ठीक से ऑपरेट नहीं कर पा रहा था, इस कारण रुपया नहीं निकल रहा था। उसी दौरान शातिर मशीन ऑपरेट में सहयोग की बात कह युवक के हाथ से एटीएम कार्ड लेकर उसका स्कैन करने लगा। बदमाश के हाथ में छोटा स्कैनर था। जिस पर युवक की नजर पड़ गई।

लोगों ने दौड़ा दौड़ा कर पीटा
राहुल ने जब देखा कि उसके एटीएम से छेड़खानी हुई है तो वो जोर जोर से हल्ला करने लगा. जिसके बाद आसपास के लोग इक्ट्ठा हो गए और आरोपी को पकड़ लिया. फिर क्या था. भीड़ ने बेरहमी से उसकी पिटाई की. कोई कह रहा था कि इसका काम ही तमाम कर डालो. इस दौरान वो भागने की कोशिश कर रहा था तो लोगों ने दौड़ा दौड़ाकर पीटा. गनीमत ये रही कि सूचना मिलते ही पुलिस फौरन वहां पहुंच गई और शातिर को गिरफ्तार कर लिया है और इलाज के अस्पताल में भर्ती कराया गया है

गिरोह का पर्दाफाश करने में जुटी पुलिस
बदमाश की पहचान महम्मदपुर के मुकेश्वरनाथ के रूप में हुई है. बिहार थाना के थानाध्यक्ष दीपक कुमार का कहना है कि उससे पूछताछ की जा रही है. साथ ही उनका कहना है कि जल्द ही एटीएम क्लोन तैयार करने वाले बड़े गिरोह का खुलासा हो सकता है. बदमाश के पास से स्कैनर मशीन भी बरामद हुआ है। थानाध्यक्ष दीपक कुमार ने लोगों से अपील की है कि एटीएम मशीन ऑपरेट करने के दौरान अलर्ट रहें और अनजान लोगों से मदद लेने से बचें

कैसे होता है एटीएम क्लोन
आम बोलचाल की भाषा में एटीएम क्लोन का मतलब हुआ कि आपका एक और एटीएम तैयार हो गया . जिसके जरिए वो पैसे निकाल सकता है. एक्स्ट्रा स्लॉट लगाकर हैकर एटीएम क्लोन तैयार करते हैं। स्लॉट एक छोटा सा मशीन होता है जो एटीएम मशीन में कार्ड डालने के स्थान के नीचे लगाया जाता है।

तुरंत बैंक को बताएं
अगर आप साइबर ठगी के शिकार हो गए हैं तो घबराएं नहीं। साइबर ठग आपसे एकाउंट की जानकारी लेकर उसमें से पैसा निकालता है और आपको मैसेज आया है तो आप तुरंत कार्रवाई कर सकते हैं। मैसेज के नीचे गेटवे यानी ई-मेल एड्रेस लिखा होता है, जिस पर अपना एकाउंट नंबर लिखकर जानकारी दी जा सकती है कि ट्रांजेक्शन आपने नहीं, किसी हैकर ने किया है, इसे रोकें।

दूसरी बार बरामद हुआ हैंड स्कैनर मशीन
एटीएम कार्ड का क्लोन तैयार करने वाले गिरोह का जिले में दूसरी बार खुलासा हुआ है। इससे पहले 21 अगस्त 2018 को सोहसराय पुलिस ने पीएनबी एटीएम सेंटर के गार्ड के सहयोग से एक शातिर को स्कैनर मशीन के साथ पकड़ा था। बदमाश कतरीसराय के सैदी गांव निवासी संटू कुमार था। तत्कालीन एसपी ने बदमाश से पूछताछ की थी। मौके से बदमाश का दो सहयोगी नवादा के वजीरगंज के गोलू कुमार और गौतम कुमार फरार हुआ था। फरार बदमाशों की गिरफ्तारी अब तक नहीं हो सकी है।

72 घंटे वॉलेट में रहता है पैसा
इंटरनेट से ठगी करने वाले बैंक एकाउंट से नेट बैंकिंग के जरिए पैसा अपने एकाउंट में ट्रांसफर करते हैं। ऑनलाइन ट्रांजेक्शन होने से एक एकाउंट से पैसा किस दूसरे एकाउंट में गया, इसकी जानकारी आसानी से नहीं मिलती है। हालांकि एक एकाउंट से निकला पैसा दूसरे एकाउंट में जाने से पहले गेटवे में जाता है। जिसे वॉलेट कहते हैं। वॉलेट में यह पैसा 72 घंटे रहता है।

Load More Related Articles
Load More By Nalanda Live
Load More In खास खबरें

Leave a Reply

Check Also

बाहुबली विधायक अनंत सिंह की पत्नी ने वापस लिया नामांकन.. जानिए क्यों ?

मोकामा से बाहुबली अनंत सिंह की पत्नी नीलम देवी ने अपना नामांकन वापस ले लिया है। नीलम देवी …