
नाबालिग छात्रा रेप मामले में आरोपी नवादा के आरजेडी विधायक राजबल्लभ यादव से जुड़े मुकदमे में मोबाइल कंपनियों के दो नोडल पदाधिकारी की गवाही हुई। गुरुवार को बिहारशरीफ के स्पेशल पॉक्सो न्यायाधीश सह एडीजे वन शशिभूषण प्रसाद सिंह ने दोनों गवाहों का बयान दर्ज किया है। हालांकि गवाह के विलंब से पहुंचने के कारण दूसरे सत्र में गवाही शुरू हुई, जो सवा दो बजे पूरी हुई। दो अन्य अधिकारियों की गवाही शुक्रवार को होगी।
विधायक की ओर से सुप्रीम कोर्ट से आये वरीय अधिवक्ता तनवीर अहमद ने आइडिया मोबाइल कंपनी के नोडल अधिकारी विमल कुमार श्रीवास्तव व वोडाफोन के गौरव कुमार की गवाही ली। अधिवक्ता अहमद ने मोबाइल कंपनियों से जुड़ी तकनीकी पूछताछ की। इसके पहले विशेष लोक अभियोजक सोमेश्वर दयाल और कैशर इमाम ने दोनों गवाहों का परीक्षण किया। नोडल पदाधिकारियों ने मामले से जुड़े आरोपितों के बीच हुई बातचीत का सीडीआर और टैब न्यायालय को सौंपा। जिरह के दौरान पक्ष-प्रतिपक्ष के वकीलों के बीच कई अवसर पर टोकाटोकी भी होती रही। इस मामले में दो अन्य मोबाइल कंपनियों के नोडल पदाधिकारियों की गवाही होनी बाकी है। इसके पहले मामले के मुख्य आरोपित विधायक राजबल्लभ यादव समेत सुलेखा देवी और उसके कुनबे की कोर्ट में पेशी हुई। इस दौरान विधायक के समर्थक काफी संख्या में न्यायालय में मौजूद थे।
गौरतलब है कि दोनों पक्षों से साक्षियों का बयान पहले ही समाप्त हो चुका था। बहस के दौरान आरोपी विधायक राजबल्लभ के वकील ने इन्हीं मोबाइल कंपनियों से जुड़ी कमियों को उजागर किया था, जिसके बाद अभियोजन ने कानून की धारा 311 के तहत गवाहों की गवाही कराए जाने के लिए आवेदन दिया था। हालांकि न्यायाधीश श्री सिंह ने इसे खारिज कर दिया था। इसके बाद अभियोजन द्वारा पटना उच्च न्यायालय में इसकी चुनौती दी थी। हाईकोर्ट ने नौ मार्च 2018 को मोबाइल कंपनी के चार नोडल पदाधिकारियों की गवाही कराए जाने की अनुमति दी थी। इसी आदेश के आलोक में इन कंपनियों के नोडल पदाधिकारियों की गवाही कराई जा रही है।