
मैट्रिक की कॉपी जांच में न शामिल होने वाले आधा दर्जन परीक्षकों पर कार्रवाई की तलवार लटक गई है। इस मामले में डीइओ ने मूल्यांकन केंद्र के केंद्राधीक्षक से कॉपी जांचने से गायब रहने वाले परीक्षकों की सूची मांगी है। इस बाबत जानकारी में बताया गया है कि बिहार बोर्ड ने कॉपियों के मूल्यांकन कार्य से अलग रहने वाले शिक्षकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया है। इसी को लेकर शेखपुरा जिला के वैसे शिक्षकों की सूची तैयार किया जा रहा है। जो कॉपी की जांच में शामिल नहीं हो सके। बताया गया कि इस बार बिहार बोर्ड ने शेखपुरा के डीएम हाई स्कूल को मैट्रिक की कॉपी जांच का केंद्र बनाया था। इसके लिए बोर्ड में 281 शिक्षकों को परीक्षक के रूप में नियुक्त किया था। बताया गया कि इसमें से छह परीक्षकों ने अपना योगदान नहीं दिया। इया बाबत डीइओ डॉ तकीउद्दीन अहमद ने बताया कि मूल्यांकन केंद्र के केंद्राधीक्षक से वैसे परीक्षकों की सूची मांगी गई है। जो कॉपी जांच में शामिल नहीं हुए हैं।