
बिहार थाना इलाके के नईसराय में 24 अक्टूबर की रात हुई डकैती कांड के मामले में बदमाशों की तलाश कर रही थी उसी दौरान,नालंदा पुलिस को मंगलवार की रात एक पुराना कुख्यात डकैत हत्थे चढ़ गया। पुलिस टीम ने बदमाश को 23 कारतूस के साथ गिरफ्तार कर लिया।
हाल में ही बेल पर आया था बाहर
सोहसराय थाना इलाके के आशानगर में राजद नेता अरुण कुमार के घर लाखों की डाकाजनी की थी। इस कांड में पकड़े जाने के बाद बदमाश हाल में जेल से जमानत पर बाहर आया था। इसके बाद फिर से बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में था। उसी दौरान कारतूस के साथ पकड़ा गया। गिरफ्तार बदमाश मानपुर थाना क्षेत्र के नौबतपुर-लोटन गांव निवासी रामप्रीत सिंह का पुत्र जयराम सिंह है। जांच में इसकी संलिप्तता नईसराय डाकाजनी में नहीं पाई गई। बदमाश अपने शरीर में गोलियों का पट्टा छिपाए था।
कौन कौन थे छापेमारी टीम में
नगर थानाध्यक्ष दीपक कुमार, डीआईयू प्रभारी मुश्ताक अहमद, दारोगा नीरज कुमार, चंदन कुमार समेत अन्य कर्मी शामिल थे।
शक होने पर पकड़ा गया आरोपी
थानाध्यक्ष दीपक कुमार ने बताया कि नईसराय मोहल्ले में व्यवसायी परिवार को बंधक बना घर में बदमाशों ने लाखों की डाकाजनी की थी। इस कांड के खुलासे के लिए टीम गठित किया गया था। टीम बदमाशों की तलाश में संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थी। थाना क्षेत्र के मुरौरा गांव के छिलकापर हनुमान मंदिर के समीप युवक पुलिस वाहन को देख कर छिपने लगा। शक होने पर पुलिस ने खदेड़ कर युवक को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान शरीर से एक पट्टा मिला। जिसमें 23 कारतूस था। इसके अलावा मोबाइल भी बरामद हुआ। जिसके बाद जयराम सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया।