
लालू यादव के बड़े बेटे तेजप्रताप यादव की धूमधाम से शादी हुई। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और रामविलास पासवान समेत कई नेता शाही शादी के गवाह बने। लेकिन आरजेडी के जिलाध्यक्ष समेत चार लोगों के लिए ये शादी मनहूस साबित हुई। तेजप्रताप यादव की शादी में शामिल होने के लिए किशनगंज के आरजेडी जिलाध्यक्ष इंतखाब आलम, दिघलबैंक के प्रखंड अध्यक्ष पप्पू और आरजेडी के पूर्व प्रदेश महामंत्री इकरामुल हक बागी पटना आए थे। तेजप्रताप यादव की शादी समारोह के गवाह भी बने।

शादी समारोह में शामिल होने के बाद ये सब वापस किशनगंज लौट रहे थे। इनका स्कॉर्पियो अपनी रफ्तार में जा रही थी। लेकिन फारबिसगंज में सरसी पुल के पास जैसे ही इनकी गाड़ी पहुंची वो हादसे का शिकार हो गई। कयास लगाए जा रहे हैं कि इस दौरान ड्राइवर को नींद आ गई और गाड़ी पर से नियंत्रण खो दिया और इनका स्कॉर्पियो डिवाइडर से टकराकर पलटी खाते हुए दूसरे तरफ पहुंच गई। वहीं, दूसरी ओर से आ रही टैंकर से टकराई। टक्कर इतनी जबदस्त थी स्कॉर्पियो के परखच्चे उड़ गए। गाड़ी का ऊपरी हिस्सा पूरी खत्म हो गया और इसमे सवार सभी चार लोगों की मौके पर ही मौत हो घई। गाड़ी पर लगे स्टीकर और उनके पास मौजूद आधार कार्ड से लोगों ने मृतक की पहचान की। उसके बाद उनके परिजनों को इसकी सूचना दी गई। जैसे ही ये मनहूस खबर घर पहुंची वैसे ही कोहराम मच गया। घरवालों का रो-रोकर बुरा हाल है। लोग उस पल को कोस रहे थे कि ये लोग गए क्यों थे । मृतकों में इंतखाब आलम के पिता रफीक आलम पूर्व केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं। वहीं मृतक इकरामुल हक बागी के पिता इस्लामुद्दीन बागी बिहार सरकार में समाज कल्याण मंत्री रह चुके हैं। चारों किशनगंज के रहने वाले थे ।