
नूरसराय प्रखंड के बरारा गांव में ग्रामीणों ने आपसी सहयोग से भव्य मंदिर निर्माण किया गया है। जहां मां जानकी, भागवान राम, सूर्य देव, लक्ष्मण और हनुमान के प्रतिमा की प्राण-प्रतिष्ठा रविवार को की गई। इतनी मूर्तियों वाला यह इलाके का इकलौता मंदिर बन गया। दूसरे राज्यों से आए धर्माचार्यों की मौजूदगी में, वैदिक मंत्रोच्चारण मूर्तियां स्थापत हुईं। प्राण-प्रतिष्ठा के पूर्व 250 महिलाओं ने भव्य कलश शोभा यात्रा निकाली। प्रसिद्ध मघड़ा शितला तालाब से महिलाओं ने कलश में संकल्पित जल भरा। इसके बाद ईश्वर के जयकार के साथ महिलाएं कलश लेकर बरारा पहुंची। जिस इलाके से शोभा यात्र गुजरी, वहां का माहौल भक्तिमय हो गया। दर्जनों गांवों के सैकड़ों ग्रामीण धार्मिक आयोजन को देखने के लिए जमा थे। मूर्ति स्थापना के साथ यहां 9 दिवसीय महायज्ञ व रासलीला की भी शुरूआत कर दी गई। 17 को धार्मिक आयोजन संपन्न होगा।

गांव में भव्य धार्मिक आयोजन से ग्रामीणों में हर्ष है। आयोजन समिति के अध्यक्ष जयराम प्रसाद ने बताया कि महायज्ञ में जगतगुरु काशी के स्वामी दीनदयाल महाराज, देवघर के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनिल बाल व्यास, घनश्याम दासजी महाराज, अवध धाम के सूरदास प्रमोद वक, अयोध्या के आचार्य पंकज शास्त्री, बक्सर के जयंती शास्त्री शामिल हुए। रासलीला का आयोजन वृंदावन धाम की मंडली द्वारा किया जा रहा है। साथ ही भंडारा का आयोजन होगा। ईश्वर की सभी मूर्तियों लाखों की लागत से दूसरे प्रदेश के कारीगरों द्वारा बनाई गई है। इस मौके पर आयोजन समिति के सचिव राकेश प्रसाद, कोषाध्यक्ष अंजनी कुमार, कार्यकर्ता बृजनंदन प्रसाद सिंह, बहादूर सिंह, नंद कुमार महतो, अशोक महतो, पंकज पासवान, धर्मवीर यादव, रामवृक्ष यादव समेत सैकड़ों ग्रामीण मौजूद थे।