बिहार में किसान ड्रोन योजना की शुरुआत.. जानिए किसान ड्रोन योजना के फायदे

0

प्रधानमंत्री मोदी की महत्वकांक्षी योजना किसान ड्रोन की बिहार में भी शुरुआत हो गई है । प्रधानमंत्री मोदी ने दो दिन पहले ही ‘100 किसान ड्रोन’ योजना की शुरुआत की थी । जिसके बाद बिहार में भी इसका सफल परीक्षण किया गया।

कैसे किया गया सफल परीक्षण
किसान ड्रोन के जरिए खेतों में यूरिया और कीटनाशक दवाओं का छिड़काव किया गया। इस दौरान मौजूद विशेषज्ञों ने बताया कि ड्रोन का उपयोग सिर्फ छिड़काव तक ही सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इससे खेती के तौर-तरीके ही बदल जाएंगे। साथ ही रोजगार के कई तरह के नए मौके भी बनने वाले हैं।

किसान ड्रोन के फायदे
1. ड्रोन के उपयोग से किसानों को परंपरागत खेती से छुटकारा तो मिलेगा साथ ही किसानों को समय की भी काफी बचत होगी। ड्रोन बहुत कम समय में पूरे खेत में दवा और उर्वरक का छिड़काव कर सकता है। इससे 20 मिनट में 3.5 एकड़ खेत में छिड़काव किया जा सकता है। यानी 6 मिनट में एक एकड़ खेत में आसानी से छिड़काव हो सकता है।

2. किसान ड्रोन में  10 लीटर की टंकी लगी है, जो एक बार में एक एकड़ में लगी फसलों पर छिड़काव कर सकती है। जितनी बार इसकी टंकी खाली होगी, अपने आप वापस आकर फिर दवा का घोल भर जहां से छोड़ा है, वहां पहुंच फिर आगे छिड़कने का कार्य करने लगेगा। एक सेंटीमीटर का भी अंतर नहीं आएगा।

2. किसान धूप में कहीं छायादार जगह पर बैठ एक किमी तक अपने खेत में दवा-खाद का छिड़काव कर सकते हैं। इसमें लगने वाले मजदूर की जरूरत नहीं है।

3. दवा छिड़काव से स्वास्थ्य पर पड़नेवाले हानिकारक प्रभाव से बचा जा सकता है। छिड़काव के दौरान खेतों में मौजूद जहरीले जंतुओं से बचा जा सकेगा।

इसे भी पढ़िए-पटना-गया रेलखंड पर ट्रेन और कार की टक्कर, कार के परखच्चे उड़े

4. सुरक्षा की दृष्टि से इसमें हाइलेवल सेंसर और कैमरे लगे हैं। यह अपने आसपास तार और पेड़ को 25 मीटर पहले ही देख लेता है और उससे बचकर निकल लेता है।

5. इसमें लगा सेंसर खेतों में नमी के साथ पौधों में लगने वाले रोगों को भी पहचान लेगा। साथ ही इसके माध्यम से आप अपने लैंड को भी माप सकते हैं।

कैसे मिलेगा रोजगार
1. कोई भी किसान इसे खरीद अपने आसपास के खेतों में 200-300 रुपए प्रति एकड़ के हिसाब से छिड़काव कर रोजगार कर सकते हैं।

इसे भी पढ़िए-बिहार में नए नियोजित शिक्षकों को कितना मिलेगा वेतन.. जानिए पूरी डिटेल्स के साथ

2. कोई भी युवा जो 18 साल की उम्र पार कर चुका हो और मैट्रिक पास हो, 5 दिन की ट्रेंनिग लेकर इसे उड़ा सकता है।
इसके लिए देश में 13-14 मान्यता प्राप्त कोचिंग संस्थाएं है, जो ड्रोन पायलट का प्रमाण पत्र देते हैं। खास कर इसमें महिलाओं के लिए सुनहरा अवसर है।

3. रजिस्टर्ड किसान ग्रुप को 75℅ सब्सिडी पर मिलेगा ड्रोन

4. अगर किसी ने एग्रीकल्चर से ग्रेजुएशन किया है तो वह कस्टमर हायरिंग सेंटर खोल सकता है। ऐसे लोगों को सरकार 40 से 100% तक सब्सिडी दे रही है।

कहां बन रहा है ड्रोन
ड्रोन का निर्माण चेन्नई स्थित गरुड़ एयरोस्पेस द्वारा किया गया है, जो कि एक डोमेस्टिक स्टार्ट-अप है. पीएम के ट्वीट के अनुसार, कंपनी ने बताया है कि वह अगले 2 वर्षों में 100,000 ड्रोन का निर्माण करेगी. पीएम मोदी ने कहा, इससे युवाओं के लिए नए रोजगार और नए अवसर पैदा होंगे.

मछली पकड़ने तक के लिए ड्रोन का इस्तेमाल
किसान ड्रोन योजना की शुरुआत के मौके पर प्रधानमंत्री ने कहा कि किसान ड्रोन एक नई बढ़त क्रांति की शुरुआत करेगा । क्योंकि उच्च क्षमता वाले ड्रोन का इस्तेमाल खेतों से सीधे बाजार तक सब्जियां, फल, मछली पकड़ने के लिए किया जा सकता है. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘इन चीजों को कम से कम नुकसान के साथ बाजार में उपलब्ध कराया जा सकता है, जिससे कम समय लगता है, जिससे किसानों और मछुआरों को अतिरिक्त आय होगी.’ वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भी पिछले दिनों बजट 2022-23 में कृषि और कृषि क्षेत्र के लिए एक बड़ा ऐलान किया था.

Load More Related Articles
Load More By Nalanda Live
Load More In खेती किसानी

Leave a Reply

Check Also

बिहारशरीफ के हिरण्य पर्वत पर युवक का मर्डर.. जानिए पूरा मामला

बिहारशरीफ के हिरण्य पर्वत पर एक युवक की बदमाशों ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। मृतक के परिजनों …